आईसीसीसीसी सेंटर से चारधाम हेली सेवाओं पर 24 घंटे नजर, सचिव नागरिक उड्डयन सचिन कुर्वे बोले – श्रद्धालुओं की सुरक्षा पहली प्राथमिकता

देहरादून। चारधाम यात्रा के दौरान हेलीकॉप्टर सेवाओं को सुरक्षित, सुचारू और व्यवस्थित बनाए रखने के लिए उत्तराखंड नागरिक उड्डयन विकास प्राधिकरण (यूकाड़ा) आधुनिक तकनीक के माध्यम से लगातार निगरानी कर रहा है। सचिव नागरिक उड्डयन सचिन कुर्वे ने बताया कि सहस्त्रधारा और सिरसी हेलीपोर्ट पर स्थापित इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल एंड कम्युनिकेशन सेंटर (ICCCC) से एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) और प्रत्येक हेलीपैड की गतिविधियों पर रियल टाइम में पैनी नजर रखी जा रही है।

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशन में हेली सेवाओं के माध्यम से होने वाली चारधाम यात्रा को आधुनिक तकनीक के जरिए अधिक सुरक्षित, सरल और व्यवस्थित बनाया जा रहा है। डीजीसीए के निर्देशानुसार सहस्त्रधारा और सिरसी में स्थापित आईसीसीसीसी सेंटर में नागर विमानन महानिदेशालय (DGCA), भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) और यूकाड़ा की छह सदस्यीय टीम तैनात है, जो एयर ट्रैफिक कंट्रोल के साथ समन्वय बनाकर हर हेली उड़ान की निगरानी कर रही है।

आईसीसीसीसी सेंटर से हर हेली उड़ान पर पैनी नजर

सचिव सचिन कुर्वे ने बताया कि सहस्त्रधारा हेलीपोर्ट और सिरसी हेलीपोर्ट में स्थापित इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल एंड कम्युनिकेशन सेंटर (ICCCC) से एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) और सभी हेलीपैड की गतिविधियों की रियल टाइम मॉनिटरिंग की जा रही है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशन में हेली यात्रा को अधिक सुरक्षित, सरल और व्यवस्थित बनाने के लिए अत्याधुनिक तकनीकों का उपयोग किया जा रहा है। डीजीसीए, भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) और यूकाड़ा की विशेषज्ञ टीम लगातार एयर ट्रैफिक कंट्रोल के साथ समन्वय बनाकर प्रत्येक हेली उड़ान पर नजर रख रही है।

खराब मौसम और विजिबिलिटी पर विशेष निगरानी

आईसीसीसीसी सेंटर के माध्यम से खराब मौसम, कम विजिबिलिटी और सुरक्षा मानकों को ध्यान में रखते हुए हेली सेवाओं को अनुमति दी जा रही है। सभी हेली रूटों पर स्थापित पीटीजेड कैमरों से हेलीकॉप्टरों की टेकऑफ और लैंडिंग की लाइव मॉनिटरिंग की जा रही है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके। यूकाड़ा अधिकारियों के अनुसार हेली रूट, ट्रैकिंग डिवाइस और प्रत्येक हेली ट्रिप का रिकॉर्ड रियल टाइम में मॉनिटर किया जा रहा है, जिससे यात्रा संचालन अधिक सुरक्षित और व्यवस्थित बना हुआ है।

21 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने किया हेली सफर

यूकाड़ा के आंकड़ों के अनुसार 22 अप्रैल से 10 मई तक 21 हजार से अधिक श्रद्धालु हेलीकॉप्टर सेवाओं के माध्यम से चारधाम यात्रा कर चुके हैं। चार्टर्ड हेली सेवाओं के तहत कुल 656 उड़ानों का संचालन किया गया, जिनके जरिए 3974 श्रद्धालुओं ने चारधाम दर्शन किए, जबकि 2931 यात्री वापस लौटे। 6 मई को सर्वाधिक 40 चार्टर उड़ानें संचालित हुईं, जिनमें 297 यात्रियों ने यात्रा की।

शटल सेवाओं से बाबा केदार के दर्शन आसान

फाटा, सिरसी और गुप्तकाशी से संचालित शटल सेवाओं के माध्यम से कुल 3017 हेली शटल उड़ानों का संचालन किया गया। इनमें सबसे अधिक 426 उड़ानें हिमालयन एविएशन और 413 उड़ानें एरो एविएशन द्वारा संचालित की गईं। शटल सेवाओं के जरिए फाटा से 1464, सिरसी से 839 और गुप्तकाशी से 714 श्रद्धालुओं ने बाबा केदार के दर्शन किए। मौसम अनुकूल रहने पर 26 अप्रैल, 27 अप्रैल और 8 मई को रिकॉर्ड 220 से अधिक शटल उड़ानें संचालित की गईं।

ऑनलाइन टिकटिंग व्यवस्था पूरी तरह पारदर्शी

यूकाड़ा अधिकारियों के अनुसार चारधाम यात्रा के दौरान हेलीकॉप्टर टिकट बुकिंग से संबंधित किसी भी प्रकार की धोखाधड़ी की शिकायत अब तक प्राप्त नहीं हुई है। श्रद्धालु आधिकारिक पोर्टल heliyatra.co.in और IRCTC के माध्यम से ऑनलाइन टिकट बुक कर रहे हैं।

आधुनिक तकनीक से सुरक्षित बन रही चारधाम यात्रा

सचिव सचिन कुर्वे ने कहा कि आईसीसीसीसी सेंटर चारधाम हेली यात्रा को निर्बाध, सुरक्षित और प्रभावी तरीके से संचालित करने में अहम भूमिका निभा रहा है। आधुनिक तकनीक, रियल टाइम मॉनिटरिंग और समन्वित नियंत्रण प्रणाली के माध्यम से श्रद्धालुओं को सुरक्षित और सुविधाजनक यात्रा अनुभव उपलब्ध कराया जा रहा है।

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